पिथौरागढ़ | सोर समाचार
पांच वर्षों के अंतराल के बाद एक बार फिर कैलाश मानसरोवर यात्रा की शुरुआत भक्ति और उल्लास के वातावरण में हुई। प्रथम दल के जनपद पिथौरागढ़ पहुंचने पर मुख्य विकास अधिकारी डॉ. दीपक सैनी और 119BN पंचशूल ब्रिगेड के ब्रिगेडियर गौतम पठानिया द्वारा पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ भव्य स्वागत किया गया।
सूचना एवं लोक संपर्क विभाग से पंजीकृत प्रकाश रावत एंड पार्टी द्वारा प्रस्तुत छोलिया नृत्य ने श्रद्धालु यात्रियों का मन मोह लिया। महिलाओं ने पारंपरिक परिधान में तिलक, आरती, पुष्पवर्षा और फूलमालाओं से यात्रियों का आत्मीय अभिनंदन किया।
टनकपुर से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा रवाना किए गए इस पहले दल में 45 यात्री शामिल हैं, जो देश के विभिन्न राज्यों से आए हैं। पर्यटन आवास गृह परिसर ढोल-दमऊ और “बम-बम भोले” के जयघोष से गूंज उठा, जहां यात्रियों ने कुमाऊंनी लोकधुन पर नृत्य भी किया।
कोविड-19 के कारण स्थगित रही यात्रा का यह पुनः आरंभ न केवल प्रशासन के लिए गौरव की बात है, बल्कि लोकसंस्कृति और अध्यात्म का जीवंत संगम भी है।

