पिथौरागढ़ | सोर समाचार
बाल विद्या मंदिर अड़किनी में होली पर्व को पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में एक विशेष गतिविधि का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं को प्राकृतिक और हर्बल रंग तैयार करने की बारीकियां सिखाई गईं।
कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को सुरक्षित और पर्यावरण-संवेदनशील होली मनाने के लिए प्रेरित करना रहा। विद्यालय प्रबंधक डौली जोशी ने बच्चों को हर्बल रंगों के उपयोग और उनके लाभों की जानकारी देते हुए बताया कि प्राकृतिक रंग त्वचा के लिए सुरक्षित होते हैं और किसी प्रकार का नकारात्मक प्रभाव नहीं डालते।
विद्यालय की प्रधानाचार्या नीलम खड़ायत ने भी विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपने परिवार और आसपास के लोगों को हर्बल रंगों के प्रयोग के प्रति जागरूक करें, ताकि समाज में सुरक्षित होली का संदेश प्रसारित हो सके।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला और उन्होंने प्राकृतिक रंगों को अपनाने का संकल्प लिया।

